समस्तीपुर (बिहार):
लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव और अनुष्का यादव के कथित प्रेम प्रसंग को लेकर आरजेडी में मचा राजनीतिक बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब इस विवाद में अनुष्का यादव के मामा प्रो. फनी यादव ने खुलकर मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने तेजस्वी यादव और लालू यादव के फैसले पर सीधे सवाल उठाए हैं।
“तेजस्वी का भी प्रेम प्रसंग था” — फनी यादव
प्रोफेसर फनी यादव ने कहा कि जब तेजस्वी यादव के प्रेम प्रसंग को परिवार ने स्वीकार कर शादी तक पहुंचाया, तो फिर तेज प्रताप के साथ दोहरा मापदंड क्यों?
“जब लड़का और लड़की बालिक हों, तो उन्हें अपने तरीके से जीने का हक संविधान देता है… तेजस्वी का भी प्रेम प्रसंग था, फिर तेज प्रताप के लिए यह सजा क्यों?”
— प्रो. फनी यादव, अनुष्का के मामा
लालू यादव पर निशाना: ‘गंभीरता से सोचना चाहिए था’
फनी यादव ने इस बात पर भी सवाल उठाया कि लालू यादव जैसे सामाजिक न्याय के प्रतीक नेता से ऐसी जल्दबाजी की उम्मीद नहीं थी। उन्होंने कहा कि
“बैठकर इस मामले पर परिवार में बात की जा सकती थी। निष्कासन अंतिम विकल्प नहीं होना चाहिए था।”
अन्य परिवारजन भी पक्ष में
इससे पहले अनुष्का के भाई आकाश यादव ने तेज प्रताप का समर्थन किया था, जिसके बाद उन्हें रालोजपा से 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया गया। वहीं राबड़ी देवी के भाई सुभाष यादव ने भी तेज प्रताप के समर्थन में बयान दिया कि
“तेज प्रताप के साथ अन्याय हुआ है, और जीजा लालू को यह निर्णय जल्दबाजी में नहीं लेना चाहिए था।”
क्या था विवाद का कारण?
तेज प्रताप यादव ने सोशल मीडिया पर अनुष्का यादव के साथ एक वीडियो शेयर किया था, जिसमें उन्होंने 12 साल पुराने रिश्ते की बात स्वीकार की थी। बाद में उन्होंने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए दावा किया कि उनका अकाउंट हैक हो गया था।
लेकिन तब तक बिहार की राजनीति में इस निजी प्रेम कहानी ने भूचाल ला दिया था।
निष्कर्ष:
तेज प्रताप और अनुष्का विवाद अब केवल पारिवारिक नहीं, बल्कि राजनीतिक और सामाजिक विमर्श का मुद्दा बन चुका है। अब देखना यह होगा कि लालू परिवार इस तूफान को संवाद और समझदारी से सुलझा पाता है या नहीं।



