आज से शुरू होगी अटल भूजल योजना, रोहतांग दर्रे पर बने सुरंग का नाम होगा अटल टनल
केंद्र सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के सम्मान में अटल भूजल योजना लागू करने जा रही है। यह योजना सात राज्यों में भूजल के बेहतर प्रबंधन का काम करेगी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में मंगलवार (24 दिसंबर) को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इस योजना को मंजूरी दी गई। बुधवार (25 दिसंबर) को अटल के जन्म दिन के अवसर पर इस योजना को शुरू किया जाएगा।
सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने बताया कि कैबिनेट ने अटल भूजल योजना नामक नई योजना को मंजूरी प्रदान की है। ये अत्यधिक भूजल के दोहन वाले सात राज्यों गुजरात, हरियाणा, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में पांच वर्ष की अवधि के लिए लागू होगी। इसके दायरे में 8350 गांव आएंगे।
उन्होंने कहा कि इसके तहत पानी के प्रभावी उपयोग, जल सुरक्षा तथा उपयुक्त जल बजट एवं सामुदायिक हिस्सेदारी के साथ टिकाऊ भूजल प्रबंधन पर जोर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह 6000 करोड़ रुपए की योजना है, जिसके लिए तीन हजार करोड़ रुपये केंद्र सरकार तथा 3000 करोड़ रुपये विश्व बैंक देगा।
सुरंग का नाम होगा अटल टनल :
केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के योगदान के सम्मान स्वरूप रोहतांग दर्रे के नीचे बनी सुरंग का नाम उनके नाम पर रखने को मंजूरी दे दी है। सुरंग को नया नाम 25 दिसंबर 2019 को वाजपेयी की जयंती के अवसर पर दिया जाएगा। इस सुरंग को बनाने फैसला जून 2000 में लिया गया था। सुरंग के दक्षिणी हिस्से को जोड़ने वाली सड़क की आधारशिला 26 मई 2002 को रखी गई थी। 8.8 किलोमीटर लंबी यह सुरंग 3000 मीटर की ऊंचाई पर बनाई गई दुनिया की सबसे लंबी सुरंग है। इससे सड़क मार्ग से मनाली से लेह की दूरी 46 किलोमीटर कम हो जाएगी।
Source-HINDUSTAN



