अपने जिले की आवाज़ बनें! Seemanchal Live में रिपोर्टर बनने के लिए अभी आवेदन करें।
BREAKING
बिहार मौसमः पटना समेत 20 जिलों में आज बारिश, 7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, 40 km/h से चलेंगी हवाएं, ठनका से सावध...बिहार से सटे जिलों की खुद निगरानी करेंगे एडीजीभारत नेपाल सीमा पर बैद्यनाथपुर में एक सप्ताह से जारी आन्दोलन स्थगितबिहार में बाढ़ से टूटे मकान पीएम आवास से बनेंगे! शिवराज ने पटना से भागलपुर तक सर्वे किया, केंद्र से मदद दिलाएंगेनेपाल से तस्करी कर लाई जा रही शराब पकड़ी: SSB और पुलिस ने गन्ने के खेत में नाका लगाकर 90 बोतल जब्त की नेपाल...बिहार में बाढ़ ने रोके टीचर ट्रांसफर, शिक्षा विभाग ने सामान्य तबादलों के आवेदन की तारीख आगे बढ़ाई'नीतीश कुमार के लिए पाप धोने का समय आ गया', भाई वीरेंद्र बोले- BJP से अलग होकर महागठबंधर की सरकार बनाएंउम्र नहीं बनेगी पढ़ाई में बाधा, बिहार में जीविका दीदियों को 10वीं-12वीं पास कराने की पहलबिहार सड़क हादसा: एनएच-28 पर दो बाइकों की जोरदार टक्कर, दो की मौत; परिवारों में मचा कोहरामघर बनाने के लिए मिलेगा प्लॉट, 15 से 30 दिन में जमीन नहीं मिली तो ₹1 लाख देगी बिहार सरकारभाई वीरेंद्र के ऑफर को नहीं मिला जेडीयू से भाव, अब निशांत को सीएम बनाने के सवाल पर भी बोलेबिहार मौसमः पटना समेत 20 जिलों में आज बारिश, 7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, 40 km/h से चलेंगी हवाएं, ठनका से सावध...बिहार से सटे जिलों की खुद निगरानी करेंगे एडीजीभारत नेपाल सीमा पर बैद्यनाथपुर में एक सप्ताह से जारी आन्दोलन स्थगितबिहार में बाढ़ से टूटे मकान पीएम आवास से बनेंगे! शिवराज ने पटना से भागलपुर तक सर्वे किया, केंद्र से मदद दिलाएंगेनेपाल से तस्करी कर लाई जा रही शराब पकड़ी: SSB और पुलिस ने गन्ने के खेत में नाका लगाकर 90 बोतल जब्त की नेपाल...बिहार में बाढ़ ने रोके टीचर ट्रांसफर, शिक्षा विभाग ने सामान्य तबादलों के आवेदन की तारीख आगे बढ़ाई'नीतीश कुमार के लिए पाप धोने का समय आ गया', भाई वीरेंद्र बोले- BJP से अलग होकर महागठबंधर की सरकार बनाएंउम्र नहीं बनेगी पढ़ाई में बाधा, बिहार में जीविका दीदियों को 10वीं-12वीं पास कराने की पहलबिहार सड़क हादसा: एनएच-28 पर दो बाइकों की जोरदार टक्कर, दो की मौत; परिवारों में मचा कोहरामघर बनाने के लिए मिलेगा प्लॉट, 15 से 30 दिन में जमीन नहीं मिली तो ₹1 लाख देगी बिहार सरकारभाई वीरेंद्र के ऑफर को नहीं मिला जेडीयू से भाव, अब निशांत को सीएम बनाने के सवाल पर भी बोले

Article Advertisement

Bihar

बिहार में HPV वैक्सीन से कई लड़कियां बेहोश, मचा हड़कंप

सहरसा: बिहार के सहरसा जिले में शुक्रवार को स्कूल वैक्सीनेशन प्रोग्राम के दौरान बड़ा हड़कंप मच गया। लक्ष्मीपति आनंदी देवी मध्य विद्यालय (आरान गांव) में HPV वैक्सीन लगने के बाद कई छात्राएं बेहोश हो गईं , जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। घटना के बाद अभिभावकों और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया, वहीं स्वा

बिहार में HPV वैक्सीन से कई लड़कियां बेहोश, मचा हड़कंप

Article Advertisement

सहरसा: बिहार के सहरसा जिले में शुक्रवार को स्कूल वैक्सीनेशन प्रोग्राम के दौरान बड़ा हड़कंप मच गया। लक्ष्मीपति आनंदी देवी मध्य विद्यालय (आरान गांव) में HPV वैक्सीन लगने के बाद कई छात्राएं बेहोश हो गईं , जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। घटना के बाद अभिभावकों और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया, वहीं स्वास्थ्य विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी छात्राओं को अस्पताल में भर्ती कराया। HPV वैक्सीन लगने के बाद बिगड़ी तबीयत जिलाधिकारी के निर्देश पर सदर अस्पताल, सहरसा की टीम शुक्रवार को विद्यालय पहुंची थी। वहाँ लगभग 60 से 70 बच्चियों को HPV वैक्सीन (Human Papilloma Virus Vaccine) दी गई। इंजेक्शन लगने के कुछ ही मिनटों बाद करीब 15 छात्राओं की तबीयत बिगड़ने लगी — कई लड़कियां चक्कर खाकर गिर पड़ीं, तो कुछ बेहोश हो गईं। शिक्षकों ने तुरंत स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन को सूचना दी। सभी प्रभावित छात्राओं को सदर अस्पताल भेजा गया। डीएम दीपेश कुमार ने संभाला मोर्चा जिलाधिकारी दीपेश कुमार और सिविल सर्जन रत्न झा खुद अस्पताल पहुंचे। डीएम ने कहा — “लक्ष्मीपति आनंदी देवी मध्य विद्यालय में बच्चियों को HPV वैक्सीन दी गई थी। यह सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए है। लगभग 15 बच्चियां अस्पताल आई हैं। घबराने की कोई बात नहीं है, सभी बच्चियां अब स्वस्थ हैं।” डीएम ने बताया कि कुछ छात्राओं को हल्का पैनिक अटैक हुआ था, लेकिन चिकित्सकों ने तुरंत इलाज कर उन्हें स्थिर कर दिया। ग्रामीणों में नाराजगी, स्कूल में हंगामा घटना की जानकारी मिलते ही गांव के लोग स्कूल पहुंच गए । ग्रामीणों ने वैक्सीन अभियान पर सवाल उठाते हुए जोरदार हंगामा किया। लोगों ने कहा कि बच्चियों को किस दवा का इंजेक्शन दिया जा रहा है, यह जानकारी विद्यालय प्रशासन या अभिभावकों को नहीं दी गई। एक अभिभावक मोहम्मद यूसुफ ने कहा — “हमें बताया गया कि बच्चियों को इंजेक्शन दिया गया है, लेकिन यह नहीं बताया गया कि कौन सी वैक्सीन है। स्कूल प्रिंसिपल को पूछना चाहिए था कि बच्चों को क्या दवा दी जा रही है।” ग्रामीणों के विरोध को देखते हुए स्कूल के शिक्षकों ने खुद को कक्षा भवन के भीतर बंद कर लिया , लेकिन भीड़ ने बाहर से ताला जड़ दिया। बाद में पुलिस और प्रशासन ने पहुंचकर स्थिति को नियंत्रण में लिया। सिविल सर्जन ने दी सफाई सिविल सर्जन रत्न झा ने बताया कि बच्चियों को दी गई HPV वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित है। उन्होंने कहा — “यह वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए दी जाती है। कुछ बच्चियां पैनिक हो गई थीं, जिससे बेहोशी की स्थिति बनी। अब सभी छात्राएं खाना-पीना खा रही हैं और पूरी तरह स्वस्थ हैं।” क्या है HPV वैक्सीन? HPV (Human Papilloma Virus) वैक्सीन महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर (गर्भाशय ग्रीवा का कैंसर) से बचाने के लिए दी जाती है। यह वैक्सीन 9 से 14 वर्ष की लड़कियों को लगाई जाती है। यह शरीर में एचपीवी संक्रमण से प्रतिरक्षा विकसित करती है, जो आगे चलकर कैंसर की संभावना को कम करती है। भारत सरकार ने 2023 में इस वैक्सीन को राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम (Universal Immunization Program) में शामिल किया था। इसका उद्देश्य किशोरियों को गर्भाशय कैंसर से दीर्घकालिक सुरक्षा देना है। अभियान का उद्देश्य और प्रक्रिया जिला स्वास्थ्य समिति के अनुसार, HPV वैक्सीन अभियान के तहत स्कूल-आधारित वैक्सीनेशन प्रोग्राम चलाया जा रहा है। पहले चरण में 9 से 14 वर्ष की सभी स्कूली बच्चियों को यह वैक्सीन लगाई जा रही है। इस वैक्सीन की दो डोज दी जाती हैं, जिनमें दूसरी डोज 6 महीने बाद लगती है। प्रशासन ने जारी की अपील जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने अभिभावकों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें। “HPV वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित और स्वीकृत है। जिन बच्चियों को थोड़ी तकलीफ हुई थी, वे अब सामान्य हैं। किसी को डरने या घबराने की जरूरत नहीं है।” उन्होंने कहा कि प्रशासन ने घटना की पूरी जांच के आदेश दिए हैं ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति न हो। स्थानीय लोगों की चिंता ग्रामीणों का कहना है कि टीकाकरण से पहले अभिभावकों को सही जानकारी देना जरूरी है। कई अभिभावकों ने आरोप लगाया कि उन्हें वैक्सीन के उद्देश्य या दुष्प्रभाव के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई थी। लोगों का कहना है कि अगर पारदर्शिता रखी जाती, तो अफरा-तफरी नहीं मचती। स्वास्थ्य विभाग की प्रतिक्रिया स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि टीकाकरण अभियान राष्ट्रीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप चलाया जा रहा है। “ऐसी घटनाएँ कभी-कभी डर या भ्रम के कारण होती हैं। यह वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित है, और इसे WHO तथा भारत सरकार द्वारा प्रमाणित किया गया है।” निष्कर्ष सहरसा की यह घटना जन स्वास्थ्य अभियान की गंभीरता और जनसंवाद की कमी दोनों को उजागर करती है। हालांकि अब सभी बच्चियों की हालत स्थिर है, लेकिन यह मामला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के लिए एक चेतावनी है कि जागरूकता और संवाद के बिना स्वास्थ्य अभियान में गलतफहमियाँ फैल सकती हैं। FAQs – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न Q1. HPV वैक्सीन क्या है? 👉 यह ह्यूमन पेपिलोमा वायरस से बचाने वाली वैक्सीन है, जो गर्भाशय ग्रीवा कैंसर की रोकथाम करती है। Q2. घटना कहाँ की है? 👉 सहरसा जिले के आरान गांव स्थित लक्ष्मीपति आनंदी देवी मध्य विद्यालय की। Q3. कितनी बच्चियां बेहोश हुईं? 👉 करीब 15 छात्राओं की तबीयत बिगड़ी, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। Q4. क्या अब सभी सुरक्षित हैं? 👉 हाँ, सभी बच्चियां अब होश में हैं और स्वस्थ हैं। Q5. क्या वैक्सीन सुरक्षित है? 👉 स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, यह वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित और प्रमाणित है। 🔗 स्रोत: Ministry of Health & Family Welfare – HPV Vaccination Program

What do you think?

Leave a Comment

Article Bottom Advertisement

यह भी पढ़ें

Trending News

Most Read