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Politics

Lal Krishna Advani Political News: सक्रिय राजनीति से दूर, लेकिन आज भी बीजेपी की विचारधारा की रीढ़ हैं लालकृष्ण आडवाणी

Lal Krishna Advani Political News को लेकर देशभर में समय-समय पर लोगों के मन में सवाल उठते रहते हैं कि भारतीय जनता पार्टी के इस दिग्गज नेता का वर्तमान जीवन कैसा चल रहा है और वे आजकल कहां हैं. करीब छह दशकों से अधिक समय तक देश की राजनीति को दिशा देने वाले लालकृष्ण आडवाणी भले ही आज सक्रिय राजनीति से दूर

Lal Krishna Advani Political News: सक्रिय राजनीति से दूर, लेकिन आज भी बीजेपी की विचारधारा की रीढ़ हैं लालकृष्ण आडवाणी

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Lal Krishna Advani Political News को लेकर देशभर में समय-समय पर लोगों के मन में सवाल उठते रहते हैं कि भारतीय जनता पार्टी के इस दिग्गज नेता का वर्तमान जीवन कैसा चल रहा है और वे आजकल कहां हैं. करीब छह दशकों से अधिक समय तक देश की राजनीति को दिशा देने वाले लालकृष्ण आडवाणी भले ही आज सक्रिय राजनीति से दूर हैं, लेकिन उनका प्रभाव और योगदान आज भी भारतीय राजनीति में साफ दिखाई देता है. बीजेपी के निर्माण में आडवाणी की ऐतिहासिक भूमिका लालकृष्ण आडवाणी भारतीय जनता पार्टी के संस्थापक नेताओं में गिने जाते हैं. जनसंघ से लेकर बीजेपी तक के सफर में उन्होंने संगठन को जमीनी स्तर से मजबूत किया. अटल बिहारी वाजपेयी के साथ मिलकर उन्होंने पार्टी को राष्ट्रीय पहचान दिलाई. राम जन्मभूमि आंदोलन, रथ यात्रा और संगठन विस्तार जैसे बड़े राजनीतिक अध्यायों में आडवाणी की भूमिका निर्णायक रही है. उनकी 1990 की रथ यात्रा ने भारतीय राजनीति की दिशा ही बदल दी और बीजेपी को देश की प्रमुख राजनीतिक ताकत के रूप में स्थापित कर दिया. गृह मंत्री और उप प्रधानमंत्री के तौर पर कार्यकाल 1998 से 2004 तक एनडीए सरकार में आडवाणी जी गृह मंत्री और बाद में उप प्रधानमंत्री रहे. गृह मंत्री रहते हुए उन्होंने आतंकवाद, आंतरिक सुरक्षा और सीमावर्ती इलाकों की चुनौतियों से सख्ती से निपटा. कारगिल युद्ध के बाद सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में उनकी अहम भूमिका रही. धीरे-धीरे सक्रिय राजनीति से दूरी उम्र बढ़ने और स्वास्थ्य कारणों से आडवाणी जी ने 2014 के बाद चुनावी राजनीति से दूरी बना ली. उन्होंने पार्टी के मार्गदर्शक मंडल में रहकर नई पीढ़ी के नेताओं को आगे बढ़ने का मौका दिया. आज बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व में भले ही उनकी प्रत्यक्ष भूमिका नहीं है, लेकिन पार्टी की वैचारिक नींव में उनका योगदान साफ झलकता है. अभी कहां हैं लालकृष्ण आडवाणी फिलहाल लालकृष्ण आडवाणी नई दिल्ली स्थित अपने सरकारी आवास पर रहते हैं. वे अपना अधिकतर समय परिवार के साथ बिताते हैं और नियमित रूप से चिकित्सकीय देखरेख में रहते हैं. कभी-कभार पार्टी के बड़े आयोजनों या ऐतिहासिक अवसरों पर उनकी उपस्थिति देखने को मिल जाती है. स्वास्थ्य को लेकर क्या है स्थिति बीते कुछ वर्षों में आडवाणी जी को उम्र से जुड़ी कई स्वास्थ्य समस्याएं रही हैं. हालांकि बीजेपी सूत्रों के मुताबिक उनकी स्थिति स्थिर है. डॉक्टरों की टीम उनकी नियमित जांच करती रहती है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता समय-समय पर उनके स्वास्थ्य की जानकारी लेते रहते हैं. भारत रत्न से सम्मान लालकृष्ण आडवाणी को भारत सरकार ने देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित किया. यह सम्मान उनके लंबे सार्वजनिक जीवन और राष्ट्र सेवा के योगदान का प्रतीक माना गया. यह सम्मान मिलने के बाद पूरे देश में उनके योगदान को याद किया गया. पीएम मोदी का आडवाणी के प्रति सम्मान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कई मंचों से कह चुके हैं कि आडवाणी जी का संघर्ष और समर्पण नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है. राम मंदिर उद्घाटन जैसे ऐतिहासिक अवसरों पर भी पीएम मोदी ने आडवाणी जी के योगदान को याद किया. राजनीतिक विरासत आज भी जीवित भले ही आडवाणी जी आज सक्रिय राजनीति में नहीं हैं, लेकिन उनकी विचारधारा, राष्ट्रवाद और संगठनात्मक दृष्टिकोण बीजेपी की नीतियों में दिखाई देता है. उनका जीवन इस बात का उदाहरण है कि किस तरह एक नेता विचार और सिद्धांतों के आधार पर पूरी पार्टी को दिशा दे सकता है. निष्कर्ष Lal Krishna Advani Political News यही बताती है कि आडवाणी जी भले ही अब सार्वजनिक मंचों से दूर हों, लेकिन भारतीय राजनीति में उनका स्थान ऐतिहासिक और अमिट है. वे आज भी बीजेपी की आत्मा और वैचारिक आधार के रूप में याद किए जाते हैं.

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