पटना:
जनता दल यूनाइटेड (JDU) को संगठनात्मक रूप से मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लगातार फेरबदल करते रहते हैं। इसी कड़ी में एक बार फिर सीएम ने अपने भरोसेमंद और अनुभवी नेताओं को अहम जिम्मेदारी सौंपी है। नीतीश कुमार ने श्रवण कुमार को मुख्य सचेतक और विनोद नारायण झा को उप मुख्य सचेतक नियुक्त किया है। इसके साथ ही 8 विधायकों को सचेतक बनाया गया है।
इस संबंध में बिहार विधानसभा सचिवालय की ओर से अधिसूचना जारी कर दी गई है।
8 विधायकों को बनाया गया सचेतक, विधानसभा अध्यक्ष ने दी मान्यता
बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने मुख्यमंत्री द्वारा नियुक्त किए गए सभी सचेतकों को मान्यता दे दी है।
विधानसभा सचिवालय की प्रभारी सचिव डॉ. ख्याति सिंह द्वारा जारी पत्र के अनुसार जिन विधायकों को सचेतक बनाया गया है, उनके नाम इस प्रकार हैं—
सचेतक बनाए गए विधायकों की लिस्ट
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कृष्ण कुमार ऋषि – विधायक, बनमनखी
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मंजीत कुमार सिंह – विधायक, बरौली
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राजू तिवारी – विधायक, गोविंदपुर
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सुधांशु शेखर – विधायक, हरलाखी
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कुमार शैलेन्द्र – विधायक, बिहपुर
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रामविलास कामत – विधायक, पिपरा
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अरुण मांझी – विधायक, मसौढ़ी
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गायत्री देवी – विधायक, परिहार
संसदीय कार्य विभाग को भेजा गया पत्र
मुख्य सचेतक, उप मुख्य सचेतक और सभी सचेतकों को मान्यता दिए जाने के बाद विधानसभा सचिवालय ने इससे संबंधित अधिसूचना जारी कर संसदीय कार्य विभाग को पत्र भेज दिया है।
इसके साथ ही सचिवालय ने संसदीय कार्य विभाग के अपर मुख्य सचिव से अनुरोध किया है कि इन नियुक्तियों के आधार पर वेतन, भत्ता और पेंशन अधिनियम 2006 के तहत आवश्यक अधिसूचना निर्गत की जाए। जल्द ही सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली जाएंगी।
सदन के संचालन में निभाएंगे अहम भूमिका
इन नियुक्तियों को आगामी विधानसभा सत्रों के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुख्य सचेतक, उप सचेतक और सचेतक की भूमिका सदन के संचालन के दौरान बेहद अहम होती है। ये सभी—
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विधायकों की उपस्थिति सुनिश्चित करेंगे
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वोटिंग के समय पार्टी लाइन का पालन कराएंगे
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सत्तारूढ़ दल की रणनीति को जमीन पर उतारेंगे
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सरकार के विधायी कार्यों में समन्वय बनाए रखेंगे
श्रवण कुमार निभाएंगे अहम जिम्मेदारी
मुख्य सचेतक बनाए गए श्रवण कुमार सदन में पार्टी अनुशासन बनाए रखने के साथ-साथ महत्वपूर्ण विधेयकों पर विधायकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित करेंगे। साथ ही सरकार और विधायकों के बीच बेहतर तालमेल बैठाने की जिम्मेदारी भी उन्हीं के कंधों पर होगी।
कौन हैं श्रवण कुमार?
श्रवण कुमार नीतीश सरकार में ग्रामीण विकास कार्य मंत्री हैं और मुख्यमंत्री के बेहद करीबी माने जाते हैं।
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सीएम के गृह जिला नालंदा से आते हैं
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सातवीं बार विधायक बने हैं
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1995 से लगातार नालंदा विधानसभा सीट से जीतते आ रहे हैं
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30 साल से अधिक का राजनीतिक अनुभव
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पहले भी JDU के मुख्य सचेतक रह चुके हैं
जेडीयू संगठन को मजबूत करने की तैयारी
राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, नीतीश कुमार का यह फैसला आगामी विधानसभा सत्रों और भविष्य की राजनीतिक रणनीति को ध्यान में रखकर लिया गया है। खासमखास नेताओं को जिम्मेदारी देकर पार्टी संगठन और सदन के कामकाज को और मजबूत करने की कोशिश की जा रही है।



