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तेजस्वी यादव की ताजपोशी की तैयारी! क्या बिहार चुनाव से पहले संभालेंगे RJD की कमान?

तेजस्वी यादव की ताजपोशी की तैयारी! क्या बिहार चुनाव से पहले संभालेंगे RJD की कमान? पटना: बिहार की राजनीति में इस समय राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के संगठनात्मक चुनाव को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। खास तौर पर यह सवाल हर ओर गूंज रहा है कि क्या पार्टी की कमान अब तेजस्वी यादव के हाथों में आने वाली है? लाल

तेजस्वी यादव की ताजपोशी की तैयारी! क्या बिहार चुनाव से पहले संभालेंगे RJD की कमान?

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तेजस्वी यादव की ताजपोशी की तैयारी! क्या बिहार चुनाव से पहले संभालेंगे RJD की कमान? पटना: बिहार की राजनीति में इस समय राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के संगठनात्मक चुनाव को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। खास तौर पर यह सवाल हर ओर गूंज रहा है कि क्या पार्टी की कमान अब तेजस्वी यादव के हाथों में आने वाली है? लालू प्रसाद यादव की राजनीतिक विरासत को संभालने की कड़ी में यह एक महत्वपूर्ण मोड़ हो सकता है। संगठनात्मक चुनाव निर्णायक दौर में RJD ने पंचायत और प्राथमिक स्तर के चुनाव पूरे कर लिए हैं और अब प्रखंड तथा जिला स्तर के संगठन चुनाव की तैयारी चल रही है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, 31 मई से प्रखंड कमेटियों के चुनाव शुरू होंगे और 5 जून से जिला स्तर पर मतदान होगा। इसके बाद 14 जून से प्रदेश अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया आरंभ होगी। सबसे अहम तारीख 5 जुलाई है, जब पार्टी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव होगा। लालू यादव का अध्यक्ष बनना तय, लेकिन... हालांकि, पार्टी के वरिष्ठ सूत्रों का मानना है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में लालू यादव का फिर से चुना जाना लगभग तय है। लेकिन यह भी संकेत मिल रहे हैं कि तेजस्वी यादव को औपचारिक रूप से पार्टी संचालन की जिम्मेदारी दी जा सकती है — यानी पार्टी की असली कमान अब युवाओं के हाथ में सौंपी जा सकती है। राष्ट्रीय सहायक निर्वाचन पदाधिकारी चित्तरंजन गगन के अनुसार, चुनाव की सारी प्रक्रियाएं पार्टी संविधान और लोकतांत्रिक मानकों के अनुसार हो रही हैं। यह RJD के भीतर एक सकारात्मक संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। तेजस्वी की बढ़ती भूमिका और रणनीतिक बढ़त तेजस्वी यादव, जो पिछले विधानसभा चुनावों में पार्टी का चेहरा रहे हैं और हाल ही में विपक्ष के नेता के तौर पर भी सक्रिय रहे, अब RJD के सबसे भरोसेमंद रणनीतिकार माने जाते हैं। 2025 के चुनाव की तैयारी में उनका नेतृत्व पार्टी के लिए फैसले की दिशा तय करेगा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि लालू यादव अब तेजस्वी को पूरी कमान सौंपने की तैयारी में हैं। यह भी मुमकिन है कि तेजस्वी यादव को कार्यकारी अध्यक्ष या को-इनचार्ज की जिम्मेदारी मिले। तेज प्रताप यादव प्रकरण की पृष्ठभूमि में बदलाव की जरूरत पिछले कुछ हफ्तों में तेजप्रताप यादव द्वारा पार्टी के भीतर असहमति जताना और नई पार्टी की संभावनाएं टटोलना, संगठन के लिए बड़ी चुनौती बनकर उभरा है। माना जा रहा है कि लालू यादव अब तेजस्वी की स्थिति और निर्णय-क्षमता को और मजबूत करना चाहते हैं , ताकि पार्टी में एकजुटता बनी रहे। पारिवारिक स्तर पर तेज प्रताप को मनाने की कोशिशें भी चल रही हैं। सूत्रों के मुताबिक, लालू यादव फिलहाल इस बात पर नज़र बनाए हुए हैं कि तेजप्रताप अगला कदम क्या उठाते हैं। जगदानंद सिंह की स्थिति पर भी संशय RJD के मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह संगठन में सख्त अनुशासन और स्पष्ट रणनीति के लिए जाने जाते हैं। हालांकि, पिछले कुछ समय से तेज प्रताप से उनके मतभेद और आंतरिक विरोध चर्चाओं में रहे हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या वह अध्यक्ष बने रहते हैं या पार्टी संगठन में नया चेहरा लाया जाएगा। बिहार चुनाव को ध्यान में रखकर हो रही रणनीति सभी बदलाव 2025 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखकर किए जा रहे हैं। RJD का प्रयास है कि संगठन को नया जोश, स्पष्ट दिशा और मजबूत नेतृत्व मिले। कांग्रेस के साथ सीट बंटवारे को लेकर भी पार्टी रणनीतिक रूप से मजबूत स्थिति में रहना चाहती है। निष्कर्ष: 5 जुलाई को जब राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा होगी, तब यह साफ हो जाएगा कि पार्टी की अगली दिशा क्या होगी। क्या तेजस्वी यादव केवल चुनावी चेहरा रहेंगे या अब पूर्ण नेतृत्वकर्ता के तौर पर उभरेंगे — यह आने वाले हफ्तों में तय होगा। लेखक: विशेष संवाददाता, SLive24 दिनांक: 28 मई 2025 श्रेणी: राजनीति, बिहार

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