BREAKING
बिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 15 जून के मुख्य और ताजा समाचाररेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन से भारत | आकाशवाणी न्यूज़ज्ञान बिंदु कोचिंग के डायरेक्टर रोशन आनंद को मिली जमानत, खान सर कोचिंग विवाद में गए थे जेलExclusive: बिहार में डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी के करीबी की जमीन बचाने के लिए बदल दिया एक्सप्रेसवे का रूट?औरंगाबाद में पारा स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर का आज उद्घाटन, जानें क्या होंगी सुविधाएंभारत का फर्जी आधार कार्ड, म्यांमार की लड़की और हिंदू नाम से मुस्लिम युवक की फेसबुक लव स्टोरी, भारत-नेपाल सी...बिहार में 24 मीटर ऊंचा घर बनाने के लिए नक्शा जरुरी नहीं, फायर एनओसी से भी छूट; मसौदा तैयारबिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 15 जून के मुख्य और ताजा समाचाररेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन से भारत | आकाशवाणी न्यूज़ज्ञान बिंदु कोचिंग के डायरेक्टर रोशन आनंद को मिली जमानत, खान सर कोचिंग विवाद में गए थे जेलExclusive: बिहार में डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी के करीबी की जमीन बचाने के लिए बदल दिया एक्सप्रेसवे का रूट?औरंगाबाद में पारा स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर का आज उद्घाटन, जानें क्या होंगी सुविधाएंभारत का फर्जी आधार कार्ड, म्यांमार की लड़की और हिंदू नाम से मुस्लिम युवक की फेसबुक लव स्टोरी, भारत-नेपाल सी...बिहार में 24 मीटर ऊंचा घर बनाने के लिए नक्शा जरुरी नहीं, फायर एनओसी से भी छूट; मसौदा तैयार
Seemanchal

लोक आस्था का महापर्व छठ आज से शुरू, तैयारी में जुटे व्रती

Published: 31/10/2019, 8:30:47 am247 viewsSeemanchal Live

लोक आस्था का महापर्व छठ आज से शुरू, तैयारी में जुटे व्रती भगवान भास्कर ही सगुण साकर देव है। सूर्यपुराण में इसकी महत्ता पर विशेष चर्चा की गई है। साल में दो बार सूर्योपासना का पर्व बहुत ही निष्ठा व आस्था के साथ मनाया जाता है। कार्तिक शुक्लपक्ष चतुर्थी से प्रारंभ होकर सप्तमी को इस पर्व का पारन होता है।

लोक आस्था का महापर्व छठ आज से शुरू, तैयारी में जुटे व्रती
लोक आस्था का महापर्व छठ आज से शुरू, तैयारी में जुटे व्रती भगवान भास्कर ही सगुण साकर देव है। सूर्यपुराण में इसकी महत्ता पर विशेष चर्चा की गई है। साल में दो बार सूर्योपासना का पर्व बहुत ही निष्ठा व आस्था के साथ मनाया जाता है। कार्तिक शुक्लपक्ष चतुर्थी से प्रारंभ होकर सप्तमी को इस पर्व का पारन होता है। जबकि चैत माह में वासंती नवरात्र के चौथे दिन से चैती छठ प्रारंभ होता है। बुधवार को चार दिवसीय छठ के अनुष्ठान के तहत गुरुवार से नहाय खाय का अनुष्ठान शुरु होने को लेकर परवैतिनों में गजब का उत्साह देखा जा रहा था। जिला मुख्यालय से लेकर प्रखंडों के विभिन्न छठ घाटों की साफ सफाई के कार्य को अंतिम रुप दिया जा रहा है। छठ पर्व को बड़का पर्व के नाम से भी जाना जाता है। इसके लिए दूर दराज एवं अन्य प्रान्तों में कार्य करनेवाले श्रद्धालुगण छठ के अवसर पर अपने घर पहुंच चुके हैं। जबकि अभी भी अन्य लोगों के आने का क्रम जारी है। वहीं छठ पर्व के अवसर पर जिले के गंगा, कोसी, महानंदा एवं बरंडी नदी के अलावा 454 छठ घाटों पर महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं द्वारा जहां छठी मईया की पूजा अर्चना के साथ-साथ अस्ताचलगामी व उदीयमान भगवान भास्कर को अर्ध्य के रुप में गंगाजल, दूध व हल्दी का घोल दिया जाता है। इस व्रत को पूरा करने व उसकी तैयारी में जुटे लोगों द्वारा जहां अभी से पर्व की सामग्रियों की खरीददारी शुरु कर दी गई है। वहीं पूजन सामग्रियों से पूरा बाजार पटा हुआ नजर आ रहा है। स्रोत-हिन्दुस्तान

What do you think?

Leave a Comment

Related News

Trending News

Most Read