Politics
सुनार हॉल मार्किंग यूनिक आई डी (HUID) से क्यो डरता है?
Published: 11/9/2021, 6:50:57 pm•221 views•Seemanchal Live
सुनार हॉल मार्किंग यूनिक आई डी (HUID) से क्यो डरता है? मान लीजिये आप सुनार के पास गए आपने *10 ग्राम प्योर सोना 50000 रुपये का खरीदा।* उस सोने को लेकर आप सुनार के पास हार बनवाने गए। सुनार ने आपसे 10 ग्राम सोना लिया और कहा की 2000 रुपये बनवाई लगेगी। आपने *खुशी* से कहा ठीक है। उसके बाद सुनार ने

सुनार हॉल मार्किंग यूनिक आई डी (HUID) से क्यो डरता है?
मान लीजिये आप सुनार के पास गए आपने *10 ग्राम प्योर सोना 50000 रुपये का खरीदा।* उस सोने को लेकर आप सुनार के पास हार बनवाने गए।
सुनार ने आपसे 10 ग्राम सोना लिया और कहा की 2000 रुपये बनवाई लगेगी।
आपने *खुशी* से कहा ठीक है।
उसके बाद सुनार ने *1 ग्राम सोना निकाल लिया* और 1 ग्राम का *टांका* लगा दिया।
क्योंकि बिना टांके के आपका हार बन ही नहीं सकता।
*यानी की 1 ग्राम सोना 3000 रुपये का निकाल लिया* और 2000 रुपये आपसे *बनवाई अलग से* लेली।
यानी आपको *5000 रुपये का झटका* लग गया।
अब आपके *50 हजार* रुपये सोने की कीमत मात्र *45 हजार* रुपये बची और सोना भी *1 ग्राम कम कम हो कर 9 ग्राम शेष बचा ।* बात यहीं खत्म नही हुई।
उसके बाद *अगर* आप पुन: अपने सोने के हार को बेचने या कोई और आभूषण बनवाने पुन: उसी सुनार के पास जाते हैं तो वह पहले टांका काटने की बात करता है और सफाई करने के नाम पर *0.5 ग्राम सोना* और कम हो जाता है।
अब आपके पास मात्र *8.5 ग्राम* सोना ही बचता है।
यानी की *50 हजार* का सोना मात्र *43500* रुपये का बचा।
आप जानते होंगे कि, *50000 रुपये का सोना + 2000 रुपये बनवाई 52000 रुपये ।* *1 ग्राम का टांका कटा 3000 रुपए + 0.5 ग्राम पुन: बेचने या तुड़वाने पर कटा मतलब सफाई के नाम पर = 1500/=* *शेष बचा सोना 8.5 ग्राम* *यानी कीमत 52000 - 6500 का घाटा .....= 45500 रुपये* *भारत सरकार की मंशा क्या है ?* *HUID* लगने पर सुनार को रसीद के आधार पर उपभोक्ता को पूरा सोना देना होगा।
और जितने ग्राम का टांका लगेगा उसका *सोने के तोल* पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा।
जैसा कि आपके सोने की तोल *10 ग्राम* है और टाका *1 ग्राम* का लगा तो सुनार को रसीद के आधार पर *11 ग्राम* वजन करके उपभोक्ता को देना होगा।
इसीलिए सुनार हड़ताल पर है कि अब उनका *धोखाधड़ी* का *भेद* खुल जायेगा।
*HUID वाली ज्वेलरी* को सोने के मार्किट भाव से ज्यादा बेचने और मिलावट करने पर सुनार को अपनी ज्वेलरी ताजे सोने के मार्किट भाव वापस खरीदनी पड़ेगी।
यानी खुद का लड्डू खुद खाना पड़ेगा।
ग्राहक HUID वाली ज्वेलरी किसी भी सुनार को बेच सकता है, जिसे कोई भी सुनार मना नहीं कर सकता।
यानी एक सुनार दूसरे सुनार के पापो का फल भोगेगा।
What do you think?
Leave a Comment
Related News
Trending News
#1
'रोवेलें रघुराई.. अंखिया खोला बबुआ' Pawan Singh का सुपरहिट भक्ति गीत
15006 views
#2बीते शुक्रवार को दिल्ली के एक सीवर को नंगे हाथों बिना मास्क के साफ करते हुए उसका पिता शव में बदल गया ।
8184 views
#3सुपौल:- जिला प्रशासन ने कोविड19 संक्रमण के लॉक डाउन के तीन महीने बाद पहला मिटीग.
6738 views
#4जिले में प्रवासियों का ट्रेन से आने की सिलसिला जारी
5988 views
#5विराट कोहली ने शेयर की अनुष्का शर्मा की CUTE PIC, लिखा ये बेहद रोमांटिक मैसेज
5634 views
#6नए साल में बदल जाएंगी आपके काम की ये 8 चीजें, आज ही निपटा लें वरना...
5227 views
Most Read

India
'रोवेलें रघुराई.. अंखिया खोला बबुआ' Pawan Singh का सुपरहिट भक्ति गीत
15006 views

India
बीते शुक्रवार को दिल्ली के एक सीवर को नंगे हाथों बिना मास्क के साफ करते हुए उसका पिता शव में बदल गया ।
8184 views

Bihar
सुपौल:- जिला प्रशासन ने कोविड19 संक्रमण के लॉक डाउन के तीन महीने बाद पहला मिटीग.
6738 views

India
जिले में प्रवासियों का ट्रेन से आने की सिलसिला जारी
5988 views

Entertainment
विराट कोहली ने शेयर की अनुष्का शर्मा की CUTE PIC, लिखा ये बेहद रोमांटिक मैसेज
5634 views

Politics
नए साल में बदल जाएंगी आपके काम की ये 8 चीजें, आज ही निपटा लें वरना...
5227 views



