फरीदाबाद, 7 नवंबर 2026।
हरियाणा के फरीदाबाद में वाहन पार्किंग को लेकर हुए विवाद ने एक व्यक्ति की जान ले ली। सिंगापुर में कार्यरत और टेक महिंद्रा के पूर्व एशिया प्रमुख परमजीत ढंकर की गोली मारकर हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी पड़ोसी मोनू शर्मा उर्फ मोहन को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना सेक्टर 21C में शुक्रवार रात हुई थी।
परमजीत ढंकर अपने परिवार में एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए भारत आए थे। उनकी हत्या के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। शनिवार को आरोपी की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई।
पार्किंग को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस के मुताबिक, परमजीत ढंकर 5 नवंबर को सिंगापुर से फरीदाबाद पहुंचे थे। शुक्रवार रात करीब 8 बजे वह जिम से लौटे। इसी दौरान उनके आवंटित पार्किंग स्थान पर पड़ोसी की गाड़ी खड़ी होने को लेकर विवाद शुरू हो गया।
दोनों परिवारों के बीच पार्किंग को लेकर पहले भी कहासुनी होती रही थी। रिपोर्टों के अनुसार, पड़ोसी के पालतू कुत्ते को लेकर भी दोनों परिवारों में विवाद था।
शुक्रवार रात विवाद बढ़ने के बाद आरोपी ने कथित तौर पर अपनी लाइसेंसी पिस्तौल से परमजीत पर कई गोलियां चलाईं। पुलिस के अनुसार, करीब 15 से 16 राउंड फायरिंग हुई। परमजीत को कई गोलियां लगीं और उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई।
शादी में शामिल होने आए थे भारत
परमजीत ढंकर सिंगापुर में रहते थे और एक वियतनाम आधारित आईटी कंपनी में वरिष्ठ उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत थे। इससे पहले वह टेक महिंद्रा के एशिया-प्रशांत क्षेत्र में क्षेत्रीय बिजनेस प्रमुख रह चुके थे।
वह अपने भतीजे की शादी में शामिल होने के लिए भारत आए थे। परिवार के लिए यह यात्रा खुशी का अवसर थी, लेकिन घटना के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया
फरीदाबाद पुलिस ने आरोपी मोनू शर्मा उर्फ मोहन को बल्लभगढ़ के डीएलएफ चौक से गिरफ्तार किया। पुलिस की अपराध शाखा की टीमों ने उसकी तलाश की थी।
मामले में परमजीत के बेटे शौर्य ढंकर की शिकायत पर सूरजकुंड थाने में हत्या और आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। पुलिस ने घटनास्थल से खाली कारतूस भी बरामद किए हैं।
पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
मामूली विवादों पर हिंसा चिंताजनक
इस घटना ने आवासीय सोसायटियों और अपार्टमेंट परिसरों में पार्किंग विवादों को लेकर होने वाली हिंसा पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। साझा पार्किंग स्थान, वाहन खड़ा करने और पालतू जानवरों को लेकर होने वाले विवाद कई बार तनाव का कारण बन जाते हैं।
कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे विवादों को बातचीत, सोसायटी प्रबंधन और पुलिस की सहायता से सुलझाया जाना चाहिए। हथियारों का इस्तेमाल किसी भी विवाद को गंभीर आपराधिक घटना में बदल सकता है।
फरीदाबाद की यह घटना बताती है कि छोटी-छोटी बातों पर बढ़ता विवाद कितना खतरनाक हो सकता है। पुलिस की जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही मामले के सभी तथ्य सामने आएंगे।